यदि आपके पास राशन कार्ड है और आपने पिछले कई महीनों से सरकारी राशन दुकान (डीपो) से अनाज नहीं लिया है, तो यह जानकारी आपके लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। झारखंड सरकार ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से पूरे राज्य में राशन कार्ड सत्यापन अभियान (Verfication Drive) शुरू किया है।
इस अभियान के तहत लाखों कार्डों की कड़ाई से जांच की जा रही है। किसी भी प्रकार की गड़बड़ी, डुप्लीकेसी या गलत जानकारी पाए जाने पर संबंधित राशन कार्ड को तुरंत रद्द किया जा रहा है।
1. राशन कार्ड सत्यापन अभियान: एक नज़र में
| मुख्य बिंदु | अभियान का विवरण |
| जांच के दायरे में कुल कार्ड | 8 लाख से अधिक |
| पाए गए डुप्लीकेट कार्ड | 21,750 |
| पाए गए संदिग्ध कार्ड | 12,284 |
| रद्द होने का मानदंड | लगातार 6 महीने या 1 साल से राशन न उठाना |
| नया नियम (नाम जोड़ने हेतु) | ई-केवाईसी (e-KYC) एवं बायोमेट्रिक सत्यापन अनिवार्य |
2. क्यों शुरू हुआ यह सत्यापन अभियान?
खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग के अनुसार, इस अभियान का उद्देश्य किसी भी पात्र या जरूरतमंद गरीब परिवार का राशन बंद करना नहीं है। वर्तमान में कई ऐसे जरूरतमंद परिवार हैं जिनके नए राशन कार्ड बनने या परिवार के सदस्यों के नाम जोड़ने के आवेदन लंबित हैं।
चूंकि राज्य में राशन कार्ड जारी करने की एक निश्चित कोटा सीमा होती है, इसलिए सरकार निष्क्रिय (Inoperative) और अपात्र (Ineligible) कार्डों को हटाकर नए पात्र परिवारों को अवसर प्रदान कर रही है।
3. किन राशन कार्डों की हो रही है जांच?
- निष्क्रिय कार्ड: जो पिछले 6 महीने से 1 साल के बीच एक बार भी इस्तेमाल नहीं हुए हैं।
- डुप्लीकेट कार्ड: एक ही व्यक्ति या परिवार के नाम पर जारी एक से अधिक कार्ड।
- अधूरी जानकारी: जिनमें पारिवारिक विवरण संदिग्ध, अधूरा या गलत दर्ज है।
4. किन लोगों का राशन कार्ड निश्चित रूप से होगा रद्द?
सरकार ने स्पष्ट किया है कि अपात्रता के दायरे में आने वाले निम्नलिखित कार्डधारकों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी:
- राशन न उठाने वाले परिवार: लगातार 6 महीने या 1 साल से अनाज न लेने वाले परिवारों के कार्ड जांच के बाद रद्द किए जा रहे हैं।
- आर्थिक रूप से सक्षम लोग:
- जिनके पास चार पहिया वाहन है।
- 5 एकड़ या उससे अधिक कृषि भूमि है।
- जो आयकर (Income Tax) का भुगतान करते हैं।
- सरकारी लाभ की वसूली: यदि अपात्र लोग गलत जानकारी देकर राशन लेते पाए जाते हैं, तो उनका कार्ड रद्द करने के साथ-साथ अब तक लिए गए सरकारी अनाज का बाजार मूल्य भी वसूला जा सकता है।
5. राशन कार्ड में नया नाम जोड़ने की प्रक्रिया (सख्त नियम)
यदि आपके परिवार में नवजात शिशु या नवविवाहित सदस्य का नाम जोड़ना है, तो अब पूरी प्रक्रिया डिजिटल एवं पारदर्शी कर दी गई है:
- ई-केवाईसी (e-KYC): नए सदस्य के पहचान पत्र/दस्तावेजों के माध्यम से ऑनलाइन e-KYC कराया जाना अनिवार्य है।
- बायोमेट्रिक सत्यापन: संबंधित सदस्य का फिंगरप्रिंट या बायोमेट्रिक सत्यापन (Biometric Verification) लिया जाएगा।
- डिजिटल नाम जोड़ना: डेटा का मिलान सफलतापूर्वक पूरा होने के बाद ही नए सदस्य का नाम डिजिटल राशन कार्ड में दर्ज होगा।